74 सालो से बिना खाए पीये जीने वाले, एक साधू का अनसुलझा रहस्य Mysterious Prahlad Jani
मित्रो भारत अपने आध्यात्म की वजह से पुरे विश्व में मशहूर है | यहा कई ऐसे संत महात्मा हुए है जिन्होंने भारत का परचम पुरे संसार में फैलाया है | हम इन संतो के आभारी है जिन्होंने हमारी प्राचीन संस्कृति को जीवित कर रखा है | आज हम आपको भारत के ऐसे संत Mysterious Prahlad Jani के बारे में बताएँगे जिनके रहस्य को पूरा विश्व भी नहीं सुलझा सका है | कौन है ये महात्मा और क्या है इनका रहस्य , आइये विस्तार से जाने |
प्रहलाद जानी जिन्हें “माताजी ” उपनाम से पुकारा जाता है ये पिछले 74 सालो से बिना खाना खाए और पानी पिये जीवित है | अब आप सोच रहे होंगे ऐसा कैसे संभव है | इन्सान अगर एक दिन खाना ना खाए और पानी ना पिए तो उसके मरने जैसी हालत हो जाती है और ये इंसान 74 सालो से ऐसा कर रहा है | उनका मानना है कि वो केवल माता अम्बा और आध्यात्म के जरिये ही जीवित है | आइये पहले इनके जीवन पर एक नजर डालते है |
प्रहलाद जानी का जन्म 13 अगस्त 1929 को गुजरात के मेहसाना जिले के चारदा गाँव में हुआ था | उन्होंने 7 साल की उम्र में ही अपना घर छोडकर जंगल में रहने को चले गये | जब वो 11 साल के हुए तो हिन्दू देवी माता अम्बा के परम भक्त हो गये और आध्यात्म में चले गये | तब से उन्होंने अम्बा माँ की तरह साड़ी पहनना , आभूषण पहनना और गजरा पहनना चालु कर दिया | जानी के इस रूप को देख लोग उन्हें “माताजी” कहकर पुकारने लगे | 1940 में उन्होंने अन्न जल त्याग दिया और आज तक बिना अन्न जल लिए जीवित है |जानी का मानना है कि माता उन्हें पेय पदार्थ और पानी सीधे मुख में अदृश्य रूप से पहुचाती है और इसी कारण बिना खाए पिए वो जीवित है |
जानी के इस रहस्य पर शोध करने के लिए दो बड़े प्रयोग 2003 और 2010 में किया गया ताकि प्रहलाद जानी के प्रमाणिकता सिद्ध हो सके | इसके लिए देश विदेश के विशेषज्ञ आये और उन्होंने परीक्षण किया जिसमे प्रहलाद जानी को 10 दिनों तक एक बंद कमरे में रखा गया और और चारो तरफ कैमरे लगा दिए गये | उनको रोजाना 100 ml पानी केवल मुह धोने के लिए दिया जाता था |
वैज्ञानिको को परीक्षण का नतीजा आया कि उनके Bladder में केवल थोडा लिक्विड था | जानी दस दिनों के बाद भी एकदम स्वस्थ्य थे और उनका थोडा सा वजन घटा और उन्होंने मूत्र त्याग नहीं किया | प्रहलाद जानी का मानना है कि वो अपने आध्यात्म से मूत्र को रक्त में बदल देते है | इन नतीजो के बाद वैज्ञानिको को भी ये देखकर अचम्भा हुआ कि ऐसा कैसे नुम्किन है | विज्ञान भी इस रहस्य के आगे हार गया |2006 में प्रहलाद जानी पर डिस्कवरी चैनल द्वारा एक Documentary भी बनाई गयी और कई देश विदेश के टीवी शो में इनके इस रहस्य को बताया गया |
अब मित्रो इस अनसुलझे रहस्य को सुलझाना नामुनकिन है | जो भी हो हमे भारत के इस महान संत पर गर्व है जिन्होंने पुरे विश्व को अपनी अलौकिक शक्तियों से अचम्भित कर दिया | ऐसे रहस्य के आगे विज्ञान ने भी घुटने टेक दिए | मित्रो भारत के इस संत के बारे में अपने विचार कमेंट के जरिये जरुर बताये और हम फिर आपको ऐसे रहस्यों से आपको रूबरू करवाएंगे
Comments
Post a Comment